2.7 C
Munich
Thursday, November 5, 2026

पायलटों की ट्रेनिंग में बड़ा बदलाव, VR तकनीक से सीखेंगे विमान उड़ाने और इमरजेंसी संभालने के तरीके

Must read

नई दिल्ली
भारतीय विमानन क्षेत्र में तेजी से बढ़ते विमानों के बेड़े और हवाई यात्रियों की संख्या के बीच अब पायलटों के प्रशिक्षण का तरीका भी बदलने जा रहा है। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन कंपनी में शुमार इंडिगो ने पायलटों को असामान्य और आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने का अभ्यास कराने के लिए डिजिटल तकनीक अपनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है।

ऐसे ट्रेनिंग देने वाली इंडिगो बनी पहली कंपनी
एयरलाइन ने एयरबस के डिजिटल प्लेटफाॅर्म स्काइवाइज के साथ ए320 वर्चुअल प्राेसीजर ट्रेनर (वीपीटी) को लेकर समझौता किया है। कंपनी के मुताबिक, इसके साथ ही इंडिगो दुनिया की पहली एयरलाइन बन गई है, जिसने वीपीटी के असामान्य और आपातकालीन प्रक्रियाओं वाले पैकेज को अपनाया है।

ट्रेनिंग सिस्टम को करेंगे मजबूत
दरअसल, भारतीय विमानन बाजार में प्रतिस्पर्धा अब केवल विमानों की संख्या, टिकटों की कीमत और नए उड़ान मार्गों तक सीमित नहीं रह गई है। परिचालन क्षमता, पायलटों की उपलब्धता और सुरक्षा प्रशिक्षण भी एयरलाइनों की रणनीति का अहम हिस्सा बनते जा रहे हैं। भारतीय एयरलाइनों ने सैकड़ों नए विमानों के ऑर्डर दिए हैं। इनके बेड़े में शामिल होने के साथ बड़ी संख्या में प्रशिक्षित पायलटों की जरूरत होगी। ऐसे में प्रशिक्षण व्यवस्था को मजबूत करना बड़ी चुनौती है।

सिम्युलेटर प्रशिक्षण का विकल्प नहीं
वीपीटी इसी चुनौती से निपटने में मददगार हो सकता है। इसके माध्यम से पायलट वर्चुअल काकपिट में विमान के विभिन्न कंट्रोल, स्विच और प्रक्रियाओं का अभ्यास कर सकेंगे। खासतौर पर तकनीकी खराबी या आपात स्थिति में अपनाई जाने वाली प्रक्रियाओं को बार-बार दोहराने का अवसर मिलेगा। इससे वास्तविक फ्लाइट सिम्युलेटर में प्रशिक्षण के समय का अधिक प्रभावी इस्तेमाल संभव हो सकेगा। हालांकि, यह तकनीक अनिवार्य सिम्युलेटर प्रशिक्षण का विकल्प नहीं, बल्कि उसका पूरक है।

ट्रेनिंग के मोर्चे पर एअर इंडिया और अकासा की भी तैयारी
पायलट प्रशिक्षण के क्षेत्र में एअर इंडिया और अकासा एयर भी बड़े निवेश कर रही हैं। एअर इंडिया ने एयरबस के साथ साझेदारी में गुरुग्राम में अत्याधुनिक पायलट प्रशिक्षण केंद्र शुरू किया है। यहां ए320 और ए350 विमानों के लिए कुल 10 फुल फ्लाइट सिम्युलेटर लगाए जाने हैं।

फिलहाल, दो ए320 सिम्युलेटर चालू हैं। वहीं, अकासा एयर ने बोइंग 737 मैक्स विमानों के पायलटों के प्रशिक्षण के लिए कनाडा की कंपनी सीएई के साथ 15 साल का समझौता किया है। इसके तहत अकासा के पायलट भारत स्थित सीएई केंद्रों में आधुनिक फुल फ्लाइट सिम्युलेटर के जरिये प्रशिक्षण लेंगे।

- Advertisement -spot_img

More articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -spot_img

Latest article